जो पता है बंद दरवाजा है आगे ................
फिर भी क्योऊ दस्तक देता है कोई ?
जिस गली का ना हो पता ...........
उसे ही क्योऊ धुन्दता है कोई ?
जब मालूम हो आखरी अंजाम............
फिर भी दिल लगता है कोई ?
कोई तो रोको इन्हें ये तो दीवाने है ............
हवा को चीर के दिया जलने चले है !!!
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